सफर - राजीव रंजन प्रसाद
Wednesday, August 21, 2013
अश्रुपूरित है बस्तर – विदा लाला जगदलपुरी
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अभी दो माह पहले ही मैं लाला जगदलपुरी से उनके निवास पर मिला था। उनका जीवन पूरी तरह एक बिस्तर पर सिमट गया था। बहुत कोशिश के बाद उन्होंने...
Friday, August 16, 2013
आंत्रशोध, अबूझमाड़ और दो व्यवस्थायें
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दैनिक छत्तीसगढ में 14.08.2013 को प्रकाशित आंत्रशोध, अबूझमाड़ और दो व्यवस्थायें --------- अबूझमाड़ में आंत्रशोध से हो रही मौतो...
Monday, July 15, 2013
गलत पहचान - यह विष्णु प्रतिमा नहीं है
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सांध्य दैनिक ट्रू सोल्जर में प्रकाशित नैनो दर्शन पत्रिका में प्रकाशित [बारसूर (दंतेवाड़ा) के सिंगराज तालाब में अवस्थित प्रतिमा पर ए...
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Wednesday, July 10, 2013
लालबुझक्कड बूझगे और न बूझे कोय!!
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[बस्तर की दरभा घाटी की लाल-आतंकवादी घटना पर एक और दृष्टिकोण] ---------- 28 मई 2013 की सुबह; सड़क एकदम सूनसान थी। बचेली से बारसूर...
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Saturday, July 06, 2013
दैनिक 'छत्तीसगढ' में राजेन्द्र यादव के हंस में प्रकाशित सम्पादकीय पर बहस
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दैनिक 'छत्तीसगढ' में राजेन्द्र यादव के हंस में प्रकाशित सम्पादकीय पर बहस [प्रतिवाद में मेरा आलेख भी पढें – “नक्सली हिंसा हिंसा न भ...
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Wednesday, July 03, 2013
यहाँ कहाँ आ गये पागल [आकाश नगर से लौट कर]
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जब मैं स्कूल में था उन दिनो बचेली नगर के लिये आकाशनगर एसा ही था जैसे कि देहरादून के लिये मसूरी। मैदानी नगर से लग कर अचानक उँचाई लेती ह...
नक्सलवाद से आदिवासियों का कोई सम्बन्ध नहीं है [महेन्द्र कर्मा से बातचीत]
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यह साक्षात्कार 25.05.2013 को दैनिक छत्तीसगढ में प्रकाशित हुआ था - साक्षात्कार का शेष भाग -
Tuesday, April 30, 2013
पुरुषोत्तमदेव, रथयात्रा तथा बस्तर का समाजशास्त्र
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जनजातीय विकास के विभिन्न चरणों को वहाँ की राजनीति के क्रमबद्ध अध्ययन के बिना समझना कठिन प्रतीत होता है। जैसे बस्तर में अपने समय के सा...
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Thursday, April 25, 2013
अन्नमदेव एक किंवदंतियाँ अनेक
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दिनांक 23.04.2013 को सांध्य दैनिक ट्रू सोल्जर में प्रकाशित यह समझने की कोशिश करनी चाहिये कि अन्नमदेव की उस व्यापक युद्ध विजय का क्या...
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Thursday, April 11, 2013
वीरांगना चमेली बावी: एक अविस्मरणीय समर गाथा
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सांध्य दैनिक ट्रू सोल्जर में दिनांक 9.04.2013 को प्रकाशित रात बहुत हो चुकी थी लेकिन अन्नमदेव अभी सोये नहीं थे। उनकी आँखों के आगे रह र...
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